तीन अक्तूबर को गूंजेगा काव्य का मंच : 10वें अखिल भारतीय कवि सम्मेलन की तैयारियां शुरू
सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान
Mon, Jul 20, 2026
अभ्युदय सेवा संस्थान की बैठक में बनी रूपरेखा, साहित्य को समाज की दिशा तय करने वाला बताया

उन्नाव। शहर में एक बार फिर कविता, व्यंग्य और गीतों की गूंज सुनाई देने वाली है। अभ्युदय सेवा संस्थान की ओर से आयोजित होने वाले 10वें अखिल भारतीय कवि सम्मेलन को लेकर शहर के एक होटल में तैयारियों की बैठक हुई। बैठक में आयोजन को भव्य और यादगार बनाने के लिए कार्यक्रम की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई और देश के प्रतिष्ठित कवियों को आमंत्रित करने पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में सदर विधायक पंकज गुप्ता ने कहा कि साहित्य किसी भी राष्ट्र की सांस्कृतिक पहचान और सामाजिक चेतना का मजबूत आधार होता है। कवि और साहित्यकार अपनी रचनाओं के माध्यम से समाज को नई सोच देते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को साहित्य और संस्कृति से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम बनते हैं। संस्थान के वरिष्ठ संरक्षक प्रो. मनोज श्रीवास्तव ने कहा कि अभ्युदय सेवा संस्थान समाज सेवा के साथ-साथ साहित्यिक गतिविधियों को लगातार बढ़ावा दे रहा है। संस्था का प्रयास है कि साहित्य की अलख गांव-गांव और जन-जन तक पहुंचे तथा लोगों में सकारात्मक सोच का विस्तार हो। संस्थान के अध्यक्ष डॉ. प्रभात सिन्हा ने बताया कि तीन अक्तूबर को होने वाले 10वें अखिल भारतीय कवि सम्मेलन की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। आयोजन में देशभर के ख्यातिप्राप्त कवियों को आमंत्रित किया जाएगा। इसके लिए विभिन्न समितियों का गठन किया जा रहा है और सभी व्यवस्थाओं को समय रहते पूरा करने की दिशा में काम चल रहा है। संस्थान के सचिव अनिरुद्ध सौरभ ने बताया कि कवि सम्मेलन में हास्य रस के लिए दिनेश बावरा, सुदीप भोला, शंभू शिखर, राजेंद्र पंडित और अमित शुक्ला को आमंत्रित करने पर चर्चा हुई। वहीं शृंगार और गीत विधा के लिए गजेंद्र प्रियांशु, मणिका दुबे, प्रवीण पांडेय 'प्रज्ञार्थु' और महेंद्र मधुर समेत अन्य प्रतिष्ठित कवियों को आमंत्रित करने पर भी विचार-विमर्श किया गया।बैठक में आयोजन को सफल बनाने के लिए सभी सदस्यों से सक्रिय सहयोग की अपील की गई। इस दौरान सुरेंद्र वर्मा, ओपी तिवारी, अखिलेश अवस्थी, अखिलेश ओमर और महेश गुप्ता सहित संस्था के पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे। आयोजकों ने विश्वास जताया कि इस बार का अखिल भारतीय कवि सम्मेलन साहित्य प्रेमियों के लिए यादगार साबित होगा और जिले के सांस्कृतिक माहौल को नई पहचान देगा।
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Unnao, THE LUCKNOW TIMES, uttar Pradesh news
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