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उन्नाव में अटल काव्य संध्या : शब्दों में जीवित दिखे भारत रत्न वाजपेयी

सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान

Thu, Dec 25, 2025
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प्रदेश स्तर के नेताओं और कवियों ने अटल जी के जीवन व विचारों पर डाला प्रकाश

उन्नाव। निराला प्रेक्षागृह का सभागार बुधवार देर शाम को शब्द, संवेदना और स्मृतियों से भर उठा, जब भारतीय जनता पार्टी के सांस्कृतिक प्रकोष्ठ की ओर से अटल काव्य संध्या का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का केंद्र पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी रहे, जिनकी कविता, विचार और राष्ट्र के प्रति समर्पण को वक्ताओं और कवियों ने अलग अलग रूपों में याद किया। कार्यक्रम की शुरुआत अटल जी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। इसके बाद अटल प्रदर्शनी का उद्घाटन हुआ, जिसमें उनके जीवन से जुड़े चित्रों, उद्धरणों और स्मृतियों को सहेजा गया था। प्रदर्शनी को देखने के लिए बड़ी संख्या में साहित्य प्रेमी और युवा पहुंचे।

प्रदेश स्तर के नेता रहे मौजूद

काव्य संध्या में प्रदेश के कई प्रमुख नेता और आयोगों से जुड़े पदाधिकारी मौजूद रहे। अनुसूचित जाति जनजाति आयोग के अध्यक्ष बैजनाथ रावत, महिला आयोग की सदस्य पूनम द्विवेदी, पैक्स पैड के अध्यक्ष प्रेम सिंह शाक्य, ललित कला अकादमी के उपाध्यक्ष गिरीश मिश्रा, पिछड़ा वर्ग आयोग की सदस्य रिचा राजपूत, भाजपा प्रदेश प्रवक्ता राकेश तिवारी, प्रदेश उपाध्यक्ष देवेश कोरी और प्रदेश मुख्यालय प्रभारी भारत दीक्षित ने अपने विचार रखे। सभी वक्ताओं ने अटल जी को राजनीति से ऊपर उठकर राष्ट्रपुरुष बताया और कहा कि उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शक है। वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े नीरज सिंह ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे साहित्य और राजनीति के सुंदर संगम का उदाहरण बताया।

कविताओं से जीवंत हुआ माहौल

काव्य संध्या का सबसे प्रभावी पक्ष कवियों की प्रस्तुति रही। कवि अनिल चौबे, इटावा से कमलेश शर्मा, अयोध्या से रुचि दुबे और लखनऊ से गिरीश अवस्थी ने देश, समाज और अटल जी की विचारधारा से जुड़ी कविताएं पढ़ीं। कविताओं पर श्रोताओं ने तालियों के साथ उत्साह जताया।
कार्यक्रम का संचालन कवि विश्वनाथ तिवारी ‘विश्व’ ने सहज और प्रभावी अंदाज में किया, जिससे कार्यक्रम की गति बनी रही।

साहित्य साधकों का हुआ सम्मान

इस अवसर पर साहित्य से जुड़ी विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया। आचमन से आर.पी. वर्मा सरस, संस्कार भारती से प्रभात सिन्हा और रामदेव शुक्ला, तथा शब्द शुद्धि गंगा अभियान से विनय दीक्षित, रामबोध शुक्ला, मुकेश यादव, प्रेमचंद सिंह, डॉ. गौरव अवस्थी और अखिलेश अवस्थी को सम्मान प्रदान किया गया। आयोजकों ने कहा कि ऐसे साहित्य साधक समाज की बौद्धिक धरोहर हैं।

आयोजकों ने जताया आभार

आयोजन समिति की ओर से अतिथियों का स्वागत बिछिया ब्लॉक प्रमुख नीरज गुप्ता, युवा भाजपा नेता विनय सिंह, और सदर विधायक पंकज गुप्ता के पुत्र प्रखर गुप्ता सहित अन्य कार्यकर्ताओं ने किया। कार्यक्रम के अंत में आयोजक कवयित्री प्रियंका शुक्ला ने सभी अतिथियों, कवियों और श्रोताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अटल काव्य संध्या का उद्देश्य नई पीढ़ी को अटल जी के विचारों से जोड़ना है।

Tags :

Unnao, THE LUCKNOW TIMES, uttar Pradesh news

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