एक रात में दो घरों में चोरी : नकदी-जेवर ले उड़े चोर
Fri, Oct 16, 2026
बीघापुर में ताले तोड़कर वारदात, एक घर से एक लाख तो दूसरे से 30 हजार रुपये गायब
उन्नाव। घरों में रखी नकदी और जेवरात पर चोरों ने हाथ साफ कर दिया। बीघापुर थाना क्षेत्र में 15 अक्तूबर की रात दो घरों में चोरी की शिकायत सामने आई है। पीड़ितों के मुताबिक, अज्ञात चोर ताले तोड़कर घरों में घुसे और कीमती सामान लेकर निकल गए। दोनों मामलों में नकदी के साथ सोने-चांदी के आभूषण भी चोरी हुए हैं। पुलिस ने तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पहले घर से नकदी और सोने-चांदी के जेवर गायब
भोगइता गांव निवासी रामप्रताप ने पुलिस को बताया कि रात में चोरों ने उनके घर के ताले तोड़ दिए। घर से सोने का हार, मंगलसूत्र, एक जोड़ी झुमकी, चांदी की एक जोड़ी पायल, नाक के दो आभूषण और छह चांदी के सिक्के चोरी कर लिए गए। इसके अलावा घर में रखे एक लाख रुपये नकद भी गायब मिले।
दूसरे घर को भी बनाया निशाना
इसी रात भोगइता चौराहे पर रहने वाली प्रीती देवी के घर में भी चोरी होने की शिकायत की गई। तहरीर के अनुसार, चोर यहां से 30 हजार रुपये नकद, एक मंगलसूत्र, एक जोड़ी झुमकी, बेंदी, बाली और चांदी की चार जोड़ी पायल ले गए। घर के कपड़े और अन्य घरेलू सामान भी चोरी होने की बात कही गई है।
अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट
दोनों पीड़ितों ने पुलिस से मामले की जांच कर कार्रवाई करने की मांग की है। पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। चोरी की घटनाओं में शामिल लोगों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। फिलहाल, चोरी गए सामान की कुल कीमत का आकलन तहरीर में नहीं दिया गया है।
बहनोई के हादसे का हवाला देकर मांगे रुपये : मारपीट का आरोप
Fri, Oct 16, 2026
सफीपुर में 70 हजार के लेनदेन का मामला, जातिसूचक टिप्पणी और धमकी देने की शिकायत
उन्नाव। घर में जरूरत पड़ने पर उधार दी गई रकम वापस मांगने निकले युवक का विवाद हो गया। सफीपुर कोतवाली क्षेत्र में एक युवक ने दो लोगों पर गाली-गलौज, मारपीट और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता के मुताबिक, उसने अपने भाई के जरिए दिए गए 70 हजार रुपये वापस मांगे थे। इसी बात पर विवाद बढ़ गया। मामले में 15 अक्तूबर को पुलिस को तहरीर दी गई।
दो किस्तों में दिए थे रुपये
फाजिलपुर निवासी अजय कुमार ने पुलिस को बताया कि उनके भाई आलोक कुमार गौतम ने मरौंदा सूचित निवासी लालता प्रसाद को ऑनलाइन रुपये भेजे थे। पहली बार 10 अप्रैल 2026 को 40 हजार और दूसरी बार 26 अप्रैल को 30 हजार रुपये दिए गए थे। इस तरह कुल 70 हजार रुपये उधार दिए गए। अजय के अनुसार, 16 सितंबर की शाम करीब पांच बजे वह अपने भाई को खाना देकर घर लौट रहे थे।
पुलिया के पास हुई कहासुनी
तहरीर के मुताबिक, फाजिलपुर रोड पर खारजा पुलिया के पास लालता प्रसाद और उमाशंकर उर्फ बंदी मिल गए। अजय ने उन्हें बताया कि उनके बहनोई का एक्सीडेंट हो गया है और उन्हें रुपयों की जरूरत है। इस पर उन्होंने उधार की रकम वापस मांगी। आरोप है कि दोनों ने रुपये लौटाने से इनकार करते हुए उनका गिरेबान पकड़ लिया और जातिसूचक गाली दी। इसके बाद लात-घूंसों से मारपीट की।
राहगीरों ने कराया बीच-बचाव
अजय का कहना है कि घटना के दौरान गांव के अरुण कुमार और मनोज कुमार वहां से गुजर रहे थे। दोनों ने बीच-बचाव कर उन्हें बचाया। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि दोबारा रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी दी गई। अजय कुमार ने 15 अक्तूबर को पुलिस से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
स्कूली बच्चों की बस में लगी आग : मची चीख-पुकार
Fri, Oct 16, 2026
बच्चों और शिक्षकों ने उतरकर बचाई जान; दूसरी बस से घर लौटे बच्चे
उन्नाव। कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर शुक्रवार शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब स्कूली बच्चों को लेकर कानपुर लौट रही एक प्राइवेट बस में अचानक आग लग गई। बस से धुआं उठता देख पहले लोगों ने शोर मचाया, फिर देखते ही देखते आग की लपटें उठने लगीं। बस में सवार बच्चों के बीच चीख-पुकार मच गई। हालात बिगड़ते देख चालक ने बस रोक दी। इसके बाद बच्चों और शिक्षकों ने नीचे उतरकर अपनी जान बचाई। राहत की बात यह रही कि हादसे में कोई घायल नहीं हुआ। घटना गदनखेड़ा बाईपास के पास शाम करीब सात बजे की है। बस में कानपुर के कल्याणपुर स्थित गुरुनानक मॉडर्न स्कूल के 60 बच्चे और तीन शिक्षक सवार थे। स्कूल की ओर से बच्चों को लखनऊ टूर पर लाया गया था। दिनभर घूमने के बाद सभी वापस कानपुर जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में बस में आग लग गई।
टायर के पास से उठी चिंगारी, कुछ ही देर में फैली आग
बस चालक गुलाम के मुताबिक, वह फतेहपुर के बिंदकी का रहने वाला है। उसके मुताबिक, बस के पहिए के नीचे से आग लगनी शुरू हुई और कुछ ही देर में फैल गई। आग इतनी तेजी से बढ़ी कि बस के अंदर का हिस्सा पूरी तरह जल गया। हालांकि, आग लगने की असल वजह अभी साफ नहीं है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी अनूप सिंह के मुताबिक, चालक ने टायरों से चिंगारी उठने की बात बताई है। आग के वास्तविक कारणों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा।
वाटर पार्क में बिताया था दिन, वापसी में हुआ हादसा
स्कूल मैनेजमेंट शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे पांचवीं से इंटरमीडिएट तक के 60 बच्चों को लेकर लखनऊ के लिए निकला था। सुबह करीब 11 बजे बच्चे वाटर पार्क पहुंचे। वहां करीब पांच घंटे बिताने के बाद शाम पांच बजे कानपुर के लिए रवाना हुए थे। बच्चों को अंदाजा भी नहीं था कि वापसी के रास्ते में उन्हें ऐसे हालात का सामना करना पड़ेगा।
दमकल ने संभाला मोर्चा, दूसरी बस से भेजे गए बच्चे
बस में आग लगने की सूचना पर दमकल की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। रेस्क्यू के दौरान एक्सप्रेस-वे पर यातायात भी रोका गया, ताकि राहत कार्य में कोई बाधा न आए। आग बुझने के बाद बच्चों को दूसरी बस से कानपुर भेजा गया। शुक्रवार रात करीब साढ़े नौ बजे एसएसपी जय प्रकाश सिंह और एसपी उत्तरी आयुष श्रीवास्तव ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। फिलहाल पुलिस आग लगने के कारणों की जांच कर रही है।