भूमाफिया पर बड़ा एक्शन : गैंगस्टर महेश निषाद की 32 लाख की संपत्ति कुर्क
Thu, Apr 23, 2026
दो भूखंड और एक कार जब्त, डीएम के सख्त रुख से तेज हुआ अभियान
उन्नाव। जिले में अपराध और अवैध संपत्ति के खिलाफ प्रशासन का अभियान लगातार तेज होता नजर आ रहा है। इसी क्रम में गुरुवार को गंगाघाट क्षेत्र निवासी गैंगस्टर एंव भूमाफिया महेश निषाद की अवैध रूप से अर्जित संपत्ति को कुर्क कर लिया गया। प्रशासन के अनुसार जब्त की गई संपत्ति की कुल कीमत करीब 32 लाख 17 हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस जांच में सामने आया कि महेश निषाद लंबे समय से आपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहा है और उसी के जरिए उसने यह संपत्ति अर्जित की थी। आरोपी के खिलाफ पहले से ही गैंगस्टर एक्ट के तहत मामला दर्ज है। अधिकारियों ने बताया कि अवैध कमाई को जमीन और अन्य संपत्तियों में निवेश किया गया था, जिसे अब कानून के तहत जब्त कर लिया गया है।
रिपोर्ट के आधार पर हुई कार्रवाई
इस कार्रवाई की शुरुआत दिसंबर 2025 में गंगाघाट थाने की ओर से भेजी गई रिपोर्ट से हुई। रिपोर्ट में आरोपी के खिलाफ दर्ज मुकदमों के साथ उसकी अवैध संपत्तियों का पूरा विवरण शामिल था। जांच पूरी होने के बाद प्रशासन ने गिरोहबंद अधिनियम की धारा 14(1) के तहत कुर्की के आदेश जारी किए।
जमीन और कार जब्त
गुरुवार को जिलाधिकारी के आदेश और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। टीम ने आरोपी के दो भूखंड और एक कार को जब्त कर लिया। कार्रवाई के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा।
नवागत डीएम घनश्याम मीणा के नेतृत्व में बढ़ी सख्ती
जिले में हाल ही में कार्यभार संभालने वाले जिलाधिकारी घनश्याम मीणा के नेतृत्व में प्रशासनिक सख्ती साफ नजर आ रही है। उनकी प्राथमिकता में अपराध और भूमाफियाओं के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई शामिल है। बता दें कि इससे पहले हमीरपुर में तैनाती के दौरान अपने करीब 19 माह के कार्यकाल में उन्होंने खनिज विभाग से राजस्व वसूली में जिले को प्रदेश में पहला स्थान दिलाया था। उनकी कार्यशैली को सख्त और परिणाम देने वाली माना जाता है। उन्नाव में भी लगातार हो रही ऐसी कार्रवाइयों से संकेत मिल रहा है कि अवैध संपत्ति अर्जित करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर प्रशासन तेजी से काम करेगा।
प्रशासन का साफ संदेश
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। जो भी लोग अवैध तरीके से संपत्ति बना रहे हैं, उन्हें चिन्हित कर इसी तरह की कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय स्तर पर इस कार्रवाई को प्रशासन की सख्ती और मजबूत इच्छाशक्ति के रूप में देखा जा रहा है। पुलिस और प्रशासन का मानना है कि इस तरह की कार्रवाई से न सिर्फ अपराधियों पर दबाव बनेगा, बल्कि अवैध कमाई के जरिए संपत्ति बनाने वालों को भी कड़ा संदेश जाएगा।
पहलगाम हमले की पहली बरसी : गंगाघाट में शहीदों को भावभीनी श्रद्धांजलि
Wed, Apr 22, 2026
पालिका अध्यक्ष और प्रतिनिधियों ने शहीदों के बलिदान को बताया प्रेरणा
गंगाघाट (उन्नाव)। पहलगाम आतंकी हमले की पहली बरसी पर गंगाघाट में शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए। आनन्दघाट स्थित शहीद स्मारक पर नगर पालिका अध्यक्ष कौमुदी पाण्डेय ने पहुंचकर 26 मोमबत्तियां जलाईं और शहीदों को नमन किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान माहौल गंभीर और भावुक बना रहा। श्रद्धांजलि सभा में स्थानीय जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी शामिल हुए। सभी ने दो मिनट का मौन रखकर शहीदों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। कार्यक्रम के दौरान देशभक्ति के नारों के बीच लोगों ने एकजुटता का संदेश भी दिया। अध्यक्षा कौमुदी पाण्डेय ने कहा कि यह हमला देश की एकता और अखंडता पर सीधा प्रहार था, लेकिन हमारे जवानों का साहस और बलिदान हर बार देश को और मजबूत बनाता है। उन्होंने कहा कि शहीदों की कुर्बानी को कभी भुलाया नहीं जा सकता और हम सभी को उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लेना चाहिए। इस मौके पर पालिका प्रतिनिधि व पूर्व नौ सैनिक संदीप पांडेय ने भी शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि देश की सुरक्षा के लिए अपने प्राण न्यौछावर करने वाले जवानों का बलिदान हर भारतीय के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी को शहीदों के त्याग से सीख लेनी चाहिए और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझना चाहिए। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए और शहीदों के प्रति अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। पूरे आयोजन ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि शहीदों की यादें आज भी लोगों के दिलों में जिंदा हैं और उनका बलिदान हमेशा देश को प्रेरित करता रहेगा।
गैस की किल्लत : एजेंसियों पर भारी भीड़, सिलिंडर खत्म होने से रोज लौट रहे उपभोक्ता
Wed, Apr 22, 2026
लंबी लाइन, कम सप्लाई और कालाबाजारी के आरोपों से बढ़ी परेशानी
उन्नाव। रसोई की सबसे जरूरी चीज अब लोगों के लिए सबसे बड़ी परेशानी बन गई है। जिले में एलपीजी गैस की सप्लाई बुरी तरह चरमरा गई है। हालत यह है कि उपभोक्ताओं को बुकिंग के 20 दिन बाद भी सिलिंडर नहीं मिल पा रहा, जबकि सिस्टम चार दिन में डिलीवरी का मैसेज भेज रहा है। गर्मी में लंबी कतारें, धक्का-मुक्की और खाली हाथ लौटते लोग… यह तस्वीर अब जिले के कई गैस एजेंसियों पर रोज की हो गई है। करीब 50 दिनों से चल रही इस किल्लत ने आम लोगों की दिनचर्या बिगाड़ दी है। जिले में करीब 6 लाख उपभोक्ता हैं और 62 गैस एजेंसियां, लेकिन सप्लाई इतनी कम है कि मांग के मुकाबले व्यवस्था लड़खड़ा गई है।
लाइन में घंटों इंतजार, फिर भी नहीं मिल रहा सिलिंडर
औरास की इंडेन गैस एजेंसी पर मंगलवार को आठ दिन बाद गैस का लोड पहुंचा तो सुबह से ही भीड़ उमड़ पड़ी। तेज धूप में लोग घंटों लाइन में खड़े रहे। दो ट्रक सिलिंडर आए, वितरण भी शुरू हुआ, लेकिन शाम तक 150 लोग बिना सिलिंडर के लौट गए। इस दौरान धक्का-मुक्की और नोकझोंक की नौबत तक आ गई, जिसे कर्मचारियों ने किसी तरह संभाला। इसी तरह पाटन बिहार की अमर शहीद गैस एजेंसी और शहर की अन्य एजेंसियों पर भी हालात कुछ अलग नहीं रहे। कई जगहों पर दो दिन बाद गैस पहुंची, लेकिन मांग इतनी ज्यादा रही कि सैकड़ों लोग मायूस होकर लौटे।
रात 10 बजे तक लाइन, सुबह भी नहीं नंबर
अचलगंज क्षेत्र में एक एजेंसी के बाहर का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है, वायरल वीडियो में रात करीब 10 बजे तक लोग कतार में खड़े नजर आ रहे हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक कई उपभोक्ता देर रात से ही लाइन में लग जाते हैं, ताकि सुबह जल्दी नंबर मिल सके। महिलाएं, बुजुर्ग और युवा—सभी घंटों इंतजार कर रहे हैं। इसके बावजूद कई लोगों को सुबह और दोपहर तक भी सिलिंडर नहीं मिल पाता और खाली हाथ लौटना पड़ता है।
‘बुकिंग कराई, लेकिन सिलिंडर किसी और को दे दिया’
समस्या सिर्फ देरी तक सीमित नहीं है, बल्कि गड़बड़ी के आरोप भी सामने आने लगे हैं। पुरवा तहसील के दतौली गांव निवासी रामनरेश ने शिकायत की है कि उन्होंने मार्च में गैस बुक कराई थी, लेकिन एजेंसी ने उनका सिलिंडर किसी और को दे दिया। विरोध करने पर अभद्रता करने का भी आरोप लगाया गया है। मामले में एसडीएम ने जांच के आदेश दिए हैं।
720 सिलिंडर आए, फिर भी 150 लोग खाली हाथ
औरास की ईश्वरीय कृपा इंडेन एजेंसी पर नौ दिन बाद 720 सिलिंडर पहुंचे, लेकिन यहां भी स्थिति नहीं संभली। सुबह से लगी लाइन के बावजूद 150 उपभोक्ताओं को बिना सिलिंडर के लौटना पड़ा। नाराज लोगों ने एजेंसी पर मनमानी और कालाबाजारी के आरोप लगाए। सूचना पर यूपी-112 पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को शांत कराया। उपभोक्ताओं का कहना है कि रात के समय घरेलू गैस सिलिंडर 1500 से 1800 रुपये तक में बेचे जाने की चर्चा है। कई लोगों ने इसकी शिकायत भी दर्ज कराई है।
आपूर्ति कम, उपभोक्ता ज्यादा
एजेंसी संचालकों का कहना है कि समस्या की जड़ सप्लाई की कमी है। एक एजेंसी के मुताबिक, उनके यहां 15 हजार से ज्यादा उपभोक्ता हैं, लेकिन अप्रैल में अब तक सिर्फ 2160 सिलिंडर ही मिले हैं। ऐसे में सभी को समय पर गैस देना संभव नहीं हो पा रहा।
अधिकारियों का दावा—स्थिति सुधर रही
पूर्ति विभाग का कहना है कि शिकायतों की जांच की जा रही है और जहां भी गड़बड़ी मिलेगी, कार्रवाई होगी। जिला पूर्ति अधिकारी राज बहादुर ने बताया कि सभी एजेंसियों की निगरानी की जा रही है और धीरे-धीरे स्थिति सामान्य करने की कोशिश की जा रही है।
सप्लाई फेल, भरोसा भी डगमगाया
उन्नाव में गैस संकट अब सिर्फ सप्लाई की दिक्कत नहीं रह गया है, बल्कि भरोसे का भी संकट बनता जा रहा है। एक तरफ लोग हफ्तों इंतजार कर रहे हैं, दूसरी तरफ कालाबाजारी और अनियमितता के आरोप हालात को और बिगाड़ रहे हैं। जब तक सप्लाई और निगरानी दोनों मजबूत नहीं होतीं, तब तक आम उपभोक्ता की परेशानी कम होती नहीं दिख रही।